प्रिया मर्डर केस में इनवेस्टिगेशन को पहुंची लखनऊ की फारेंसिक टीम, X.MLA पर है मर्डर का आरोप

27
SHARE

सुल्तानपुर. यहां सदर विधानसभा सीट (जयसिंहपुर) के पूर्व सपा विधायक पर रेप का आरोप लगाने वाली महिला प्रिया उर्फ़ रोशनी के मर्डर केस की फाइल खुलने लगी है।
इस संदर्भ में शनिवार को मर्डर केस  की इनवेस्टिगेशन कर एविडेन्स
कलेक्ट करने के लिए लखनऊ विधि विज्ञानं प्रयोगशाला के डिप्टी महानिदेशक फारेंसिक टीम के आफिसर्स के साथ जयसिंहपुर के चोरमा गाँव पहुँचे। जहां टीम ने प्लेस इनवेस्टिगेशन किया।

घर के पास बने पंचायत भवन पर मिली थी बाडी

जयसिंहपुर के चोरमा गाँव की निवासी प्रिया उर्फ़ रोशनी की 11 फरवरी 2017 की रात मौत हुई थी, उसकी बाडी घर से 100 मीटर की दूरी पर पंचायत भवन के पीछे मिली थी।
इस मामले में मृतका के पिता राजेन्द्र सिंह ने पूर्व विधायक अरुण वर्मा समेत अज्ञात लोगों के खिलाफ मर्डर का केस दर्ज कराया था।

जांच को पहुंची फारेंसिक टीम, पिता का बयान भी हुआ दर्ज
शनिवार को इस केस में अब नए सिरे से जांच-पड़ताल करने के लिए लखनऊ विधि विज्ञान प्रयोगशाला के निदेशक के आदेश पर घटना स्थल पर फारेंसिक टीम जांच के लिए पहुंची।
लखनऊ से चल कर पहुँचे फारेंसिक  टीम के डिप्टी डायरेक्टर पवन कुमार, वैज्ञानिक अधिकारी अरशद हामिद व वैज्ञानिक अरुण शुक्ला ने जयसिंहपुर
कोतवाल राम प्रताप के साथ घटना स्थल की जांच किया।
टीम ने अपनी जांच में घटना स्थल से घर की दूरी की नाप-जोख करते हुए आस-पास मौजूद पेड़, तालाब व विद्यालय की बिल्डिंग तथा पँचायत भवन पर चढ़ कर घटना स्थल का निरीक्षण किया।
जांच टीम के अधिकारियो ने मृतिका के पिता राजेन्द्र सिंह से भी पूछताछ करते हुए गहन निरीक्षण किया।

उच्चाधिकारियों को सौंपी जाएगी रिपोर्ट
लखनऊ से जांच के लिये आये विधि विज्ञान प्रयोगशाला के डिप्टी डायरेक्टर पवन कुमार ने बताया कि अभी हत्या की विभिन्न कड़ियों की जांच की जा रही है।
उन्होंने कहा कि कड़ी से कड़ी मिलाकर जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौपी जायेगी।

सनद रहे कि मृतक महिला प्रिया ने उक्त घटना से पहले पूर्व सदर विधायक अरुण वर्मा के ऊपर रेप का आरोप लगाया था।
जिस प्रकरण में न्यायालय में मुकदमा  विचाराधीन था और इस बीच आरोप लगाने वाली महिला प्रिया की मौत हो गई थी।
इस पर प्रिया के पिता ने पूर्व विधायक पर हत्या का आरोप लगाया था।

तत्कालीन सीएम अखिलेश यादव ने दी थी सफाई, किसी भी एजेंसी से जांच कराने की कही थी बात
पूर्व विधायक पर रेप का आरोप लगाने वाली महिला की मौत उस वक़्त हुई थी जब यूपी में चुनावी रंग चढ़ा हुआ था।
इस दौरान मामला तूल पकड़ गया था और सपा की विरोधी पार्टियों ने इस मुद्दे को चुनावी मुद्दा भी बनाया था।
जिस पर तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सफाई दी थी कि  लड़की का पिता चाहे तो मैं हर ऐसी  एजेंसी से जांच कराने को तैयार हूं जिस पर उनको विश्वास हो।
वहीं पश्चिम में एक सभा के दौरान देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इसी काण्ड पर सपा सरकार पर कटाक्ष करते हुए कमेंट किया था कि ‘सरकार का काम नही कारनामा बोल रहा है’।