गोरखपुर में मुख्यमंत्री योगी के कार्यक्रम में हत्यारोपी विधायक अमनमणि त्रिपाठी भी मौजूद

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गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विकास कार्यक्रमों से जुड़े आयोजन में योगी ने 261 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया। इस मंच पर पत्नी सारा की हत्या के आरोपी विधायक अमनमणि त्रिपाठी भी थे|

गोरखपुर विश्वविद्यालय के परिसर में मंच पर अमनमणि अन्य विधायकों के साथ बैठे। अमन अपनी पत्नी सारा की हत्या के आरोपी हैं। वह इस समय जमानत पर हैं। मंच पर उनकी मौजूदगी बतौर विधायक रही। इस मंच पर योगी ने अपने संबोधन में कहा कि लंबे समय से प्रदेश में अराजकता का माहौल रहा। हमने सत्ता में आते ही इस माहौल को बदल दिया । अब पूरा ध्यान कानून का राज स्थापित करने के साथ विकास पर होगा। अंतिम व्यक्ति का विकास होगा। 15 जून तक सड़क गड्ढामुक्त करने का आदेश दिया। जिला मुख्यालयों पर 24 घंटे, तहसील पर 20 घण्टे तथा गांवों को 18 घंटे बिजली मिलने की व्यवस्था की है ।

गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर को मुख्यमंत्री ने 261 करोड़ की योजनाएं है-
चिल्लूपार में 21.18 करोड़ की लागत से राप्ती नदी पर बने बड़हलगंज अवसनपार सेतु का लोकार्पण।
तारामंडल के लेक व्यू विस्तार योजना में दो एकड़ में 63.94 करोड़ से बहुमंजिला भवन का निर्माण।
रामगढ़ताल परियोजना में 10 एकड़ में 10.94 करोड़ लागत से पार्क निर्माण और सुंदरीकरण कार्य।
बीरबहादुर सिंह स्पोर्ट कालेज में 6.36 करोड़ की लागत से ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण कार्य।
40 लाख की लागत से चौधरी चरण सिंह नलकूप निरीक्षण भवन के जीर्णोद्धार व मरम्मत कार्य।

राप्तीनगर, धर्मशाला व मुंडेराबाजार में 2.28-2.28 करोड़ लागत से 33/11 केवी के तीन उपकेंद्र निर्माण।
हरपुर व नैयापार में 1.60 तथा 1.55 करोड़ लागत से 33/11 केवी के दो विद्युत उपकेंद्र का निर्माण।
गोरखपुर में 33.25 करोड़ से एलटी लाइन को 46 सर्किट किमी तक अंडरग्राउंड केबुल में बदलना।
विवि गोरखपुर परिसर में 5.21 करोड़ की लागत से 100 क्षमता वाले महिला छात्रावास का निर्माण।
शहर में 36.86 करोड़ की लागत से 1000 की क्षमता के प्रेक्षागृह एवं संस्कृति केंद्र के निर्माण का कार्य
राप्तीनगर बस स्टेशन का 1.99 करोड़ से पुनर्निर्माण कार्य
नौसढ़ में 1.91 करोड़ की लागत से सेटेलाइट बस स्टेशन का नवनिर्माण।
नंदानगर में गन्ना शोध संस्थान के पास अंडर पास और सर्किट हाउस में एनेक्सी भवन निर्माण।
गरीब मेधावी छात्रों को प्रतियोगिताओं के लिए 9.75 करोड़ से कोचिंग संस्थान निर्माण का कार्य

योगी ने कहा कि उनकी सरकार ने एक माह के कार्यकाल में ही प्रदेश की कार्यसंस्कृति बदली है। इस दिशा में हम आगे बढ़ रहे हैं। सरकार औद्योगिक संरचना को मजबूत कर रोजगार सृजन के कार्य में लगी है। कोशिश है कि युवाओं को नौकरी के लिए दूसरे प्रदेशों या दूरस्थ शहरों की ओर न भागना पड़े। उन्हें उनके जिले में ही नौकरी या रोजगार मिले यह काम सरकार की प्राथमिकता में है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कार्य संस्कृति बदलने की शुरुआत कर दी गई है। बाहर के उद्योगपति भी यहां अब उद्योग-धंधे लगाने को लेकर उत्साहित हैं। कई लोगों ने सरकार से संपर्क किया है। हम सत्ता में हैं इसलिए कार्यकर्ता भी अपनी कार्य संस्कृति बदलें। उन्हें समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना होगा। क्योंकि यह काम अकेले सरकार नहीं कर सकती।

योगी ने कहा उनकी सरकार प्रदेश की औद्योगिक संरचना को मजबूत बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है। वर्षों से बदहाल चीनी उद्योग को पुनर्जीवित किया जा रहा है। पहली बार हमारी सरकार ने 5500 करोड़ रुपये बकाए गन्ना मूल्य का भुगतान कराया है। हमारी योजना पुरानी चीनी मिलों के उद्धार के साथ नई चीनी मिलें स्थापित करने की है। तय किया है कि इस साल पांच नई चीनी मिलें लगाई जाएंगी। यह काम हर साल होगा। योगी ने कहा कि भाजपा सरकार बनने के बाद से प्रदेश की कानून व्यवस्था में परिवर्तन हुआ है। आगे एक माह में यह परिवर्तन काफी दिखेगा। कानून हाथ में लेने वाले प्रदेश छोड़ दें। जनता के सुख में खलल डालने वाले कितने भी बड़े क्यों न हों, उन्हें बख्शा नहीं जाएगा।

योगी ने कहा कि मई जून में बिजली के लिए हम आपके साथ सड़क पर उतरते थे। अभी हमने 25 जिला मुख्यालयों पर 24 घंटे बिजली देने को कहा है। हम गरीबी रेखा के नीचे रहने वालों को नि:शुल्क बिजली कनेक्शन देंगे। लोग भी बिजली बिल का भुगतान अवश्य करें।योगी ने कहा कि बुंदेलखंड में पानी की किल्लत है। हम वहां व्यवस्था बनाने में लगे हैं। प्रदूषण खत्म करने में जनता को आगे आना होगा। नमामि गंगे योजना के तहत गंगा, राप्ती, गंडक सरयू, यमुना के साथ आमी, गोर्रा को साफ करना होगा। दो मई को गंगा के दोनों तट पर स्वच्छ गंगा, निर्मल गंगा कार्यक्रम आयोजित होगा। गोरखपुर में आमी, गोर्रा नदियां भी प्रदूषित है। इनके उद्धार के लिए हमने आंदोलन किया। अब दोनों नदियों के साथ राप्ती, सरयू को साफ करने की कोशिश होगी। जुलाई में वृहद पौधरोपण कार्यक्रम चलेगा।